Heliport on Highway: हर हाइवे के साथ बनेगा हेली पोर्ट, केंद्रीय मंत्री सिंधिया ने बताया-क्‍या होगा फायदा?
Advertisement
trendingNow11400354

Heliport on Highway: हर हाइवे के साथ बनेगा हेली पोर्ट, केंद्रीय मंत्री सिंधिया ने बताया-क्‍या होगा फायदा?

Project Aakash : प्रोजेक्‍ट आकाश के तहत बनने वाले हेलीपोर्ट पर सैटेलाइट बेस्‍ड टेक ऑफ और लैंड‍िंग (Satellite Based Take off and Landing) होगी. इससे आने वाले समय में ATC पर दबाव घटेगा.

Heliport on Highway: हर हाइवे के साथ बनेगा हेली पोर्ट, केंद्रीय मंत्री सिंधिया ने बताया-क्‍या होगा फायदा?

Jyotiraditya Scindia: देश में हाइवे न‍िर्माण पर तेजी से काम चल रहा है. लेक‍िन अब नए बनने वाले हर हाइवे (Highway) के साथ हेलीपोर्ट होना जरूरी होगा. केंद्रीय नागर विमानन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया (Jyotiraditya Scindia) ने बताया क‍ि इसके ल‍िए एव‍िएशन म‍िन‍िस्‍ट्री की म‍िन‍िस्‍ट्री ऑफ रोड ट्रांसोर्ट एंड हाइवे (Ministry of Road Transport and Highways) के साथ चर्चा हुई है.

आने वाले समय में ATC पर दबाव घटेगा
उन्‍होंने बताया इन हेली पोर्ट को 'प्रोजेक्ट आकाश' (Project Aakash) के तहत बनाया जाएगा. यहां सैटेलाइट बेस्‍ड टेक ऑफ और लैंड‍िंग (Satellite Based Take off and Landing) होगी. इससे आने वाले समय में ATC पर दबाव घटेगा. उन्‍होंने कहा Safran 150 मिलियन डॉलर से सुव‍िधा को शुरू करेगी.

70 प्रत‍िशत इंजन र‍िपेयर होंगे
यह सबसे बड़ा मेंटीनेंस, र‍िपेयर और ऑपरेशन (MRO) होगा. दुनिया के 70 प्रत‍िशत इंजन यहां पर ही सर्विस होंगे. उन्‍होंने कहा भारत 2030 तक ग्लोबल ड्रोन हब बनेगा. सरकार के 22 मंत्रालय सर्व‍िस के ल‍िए ड्रोन का इस्तेमाल शुरू कर रहे हैं.

छोटे शहरों से हवाई यातायात में वृद्धि होगी
दूसरी तरफ ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि महामारी के बाद हवाई यात्रा की मांग तेज हुई है. उन्होंने आठ राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से विमान ईंधन पर वैट कम करने का आग्रह किया. उन्होंने राष्ट्रीय राजधानी में नागरिक उड्डयन मंत्रियों के सम्मेलन में कहा कि छोटे शहरों से हवाई यातायात में वृद्धि होगी.

दैनिक यात्रियों की संख्या चार लाख से पार
घरेलू हवाई यात्रा करने वालों की संख्या कोविड से पहले के स्तर पर पहुंच रही है. हाल ही में दैनिक यात्रियों की संख्या दो बार चार लाख का आंकड़ा पार कर गई है. सिंधिया ने कहा कि विमान ईंधन पर मूल्य वर्धित कर (VAT) अभी भी 8 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में 20-30 प्रतिशत तक है और उन्होंने इसे कम करने का आग्रह किया.

विमान ईंधन की लागत, एयरलाइन की परिचालन लागत का महत्वपूर्ण हिस्सा है. उन्होंने गोवा, असम, दिल्ली, महाराष्ट्र, पश्चिम बंगाल, राजस्थान, बिहार और तमिलनाडु से एविएशन टर्बाइन फ्यूल (ATF) पर वैट कम करने का अनुरोध किया. उन्होंने कहा कि इस समय 28 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में विमान ईंधन पर 1-4 प्रतिशत की सीमा में वैट है.

ये ख़बर आपने पढ़ी देश की नंबर 1 हिंदी वेबसाइट Zeenews.com/Hindi पर

Trending news