Privatisation News: बैंकों के निजीकरण (Bank privatisation) के बाद सरकार रेलवे की कुछ ट्रेनों का प्राइवेटाइजेशन करने जा रही है. भारतीय रेलवे (Indian Railways) की 151 ट्रेनों के साथ रेलवे की संपत्ति, स्टेशनों और अस्पतालों का निजीकरण (Indian Railways Privatization) कर दिया गया है.
Trending Photos
Indian Railways Privatisation: इंडियन रेलवे को लेकर बड़ी जानकारी सामने आ रही है. बैंकों के निजीकरण (Bank privatisation) के बाद सरकार रेलवे की कुछ ट्रेनों का प्राइवेटाइजेशन करने जा रही है. सोशल मीडिया (Social Media) पर इस खबर के बारे में जानकारी मिली है. भारतीय रेलवे (Indian Railways) की 151 ट्रेनों के साथ रेलवे की संपत्ति, स्टेशनों और अस्पतालों का निजीकरण (Indian Railways Privatization) कर दिया गया है.
वायरल हो रही पोस्ट
सोशल मीडिया पर वायरल हो रही एक पोस्ट में इस खबर के बारे में जानकारी मिली है. इस खबर को देखने के बाद में पीआईबी ने इस वायरल पोस्ट का फैक्ट चेक किया है. पीआईबी ने अपने ऑफिशियल ट्वीट पर इस खबर की सच्चाई के बारे में जानकारी दी है.
एक ट्वीट में फर्जी दावा किया जा रहा है कि भारतीय रेलवे की 151 ट्रेनों, रेलवे संपत्ति, स्टेशनों और अस्पतालों का निजीकरण कर दिया गया है#PIBFactCheck
ये दावे पूर्णतः फर्जी एवं तथ्यहीन हैं
@RailMinIndia अपनी किसी संपत्ति का निजीकरण नहीं कर रहा pic.twitter.com/KecWtIM7du
— PIB Fact Check (@PIBFactCheck) November 13, 2022
PIB ने किया ट्वीट
पीआईबी ने अपने ऑफिशियल ट्वीट में लिखा है कि एक ट्वीट में फर्जी दावा किया जा रहा है कि भारतीय रेलवे की 151 ट्रेनों, रेलवे संपत्ति, स्टेशनों और अस्पतालों का निजीकरण कर दिया गया है.
>> पीआईबी ने आगे बताया है कि ये दावे पूर्णतः फर्जी एवं तथ्यहीन हैं.
>> मिनिस्ट्री ऑफ रेलवे अपनी किसी संपत्ति का निजीकरण नहीं कर रहा है.
सरकार ने कहा किसी भी फेक खबर को न करें शेयर
भारत सरकार ने कहा है कि इस तरह की किसी भी वायरल खबर पर आप विश्वास न करें और न ही ऐसी खबरों को किसी अन्य के साथ शेयर करें. अगर आपको सरकार की किसी भी योजना या अन्य कोई जानकारी चाहिए तो ऑफिशियल वेबसाइट पर ही संपर्क करें.
वायरल पोस्ट का करा सकते हैं फैक्ट चेक
सोशल मीडिया के दौर में कई बार गलत खबरों वायरल होने लगती हैं. अगर आपको आपके सोशल मीडिया अकाउंट या व्हाट्सएप पर आई किसी खबर पर शक हो रहा है तो आप पीआईबी के जरिए फैक्ट चेक करा सकते हैं. इसके लिए आपको ऑफिशियल लिंक https://factcheck.pib.gov.in/ पर विजिट करना है. इसके अलावा आप व्हाट्सएप नंबर 8799711259 या ईमेलः pibfactcheck@gmail.com पर जानकारी भेज सकते हैं.
ये ख़बर आपने पढ़ी देश की नंबर 1 हिंदी वेबसाइट Zeenews.com/Hindi पर