EPFO: पेंशन में योगदान को लेकर बड़ा अपडेट, श्रम मंत्रालय ने दी जानकारी

EPFO Higher Pension Scheme: ऊंची पेंशन का विकल्प चुनने वाले अंशधारकों के मूल वेतन के 1.16 प्रतिशत के अतिरिक्त योगदान का प्रबंधन कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) की ओर से संचालित सामाजिक सुरक्षा योजनाओं में नियोक्ताओं के योगदान से किया जाएगा. 

Written by - Zee Hindustan Web Team | Last Updated : May 4, 2023, 12:24 PM IST
  • श्रम मंत्रालय ने जारी किया बयान
  • वर्तमान में क्या है व्यवस्था, जानें
EPFO: पेंशन में योगदान को लेकर बड़ा अपडेट, श्रम मंत्रालय ने दी जानकारी

नई दिल्लीः EPFO Higher Pension Scheme: ऊंची पेंशन का विकल्प चुनने वाले अंशधारकों के मूल वेतन के 1.16 प्रतिशत के अतिरिक्त योगदान का प्रबंधन कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) की ओर से संचालित सामाजिक सुरक्षा योजनाओं में नियोक्ताओं के योगदान से किया जाएगा. 

श्रम मंत्रालय ने जारी किया बयान
श्रम मंत्रालय ने बुधवार शाम जारी बयान में कहा, ‘भविष्य निधि में नियोक्ताओं के कुल 12 प्रतिशत योगदान में से ही 1.16 प्रतिशत अतिरिक्त अंशदान लेने का फैसला किया गया है.’ मंत्रालय ने कहा कि ईपीएफ और एमपी अधिनियम की भावना के साथ-साथ संहिता (सामाजिक सुरक्षा पर संहिता) कर्मचारियों से पेंशन कोष में योगदान की परिकल्पना नहीं करती है. 

वर्तमान में क्या है व्यवस्था, जानें
वर्तमान में सरकार कर्मचारी पेंशन योजना (EPS) में योगदान के लिए सब्सिडी के रूप में 15 हजार रुपये तक के मूल वेतन का 1.16 प्रतिशत भुगतान करती है. ईपीएफओ की ओर से संचालित सामाजिक सुरक्षा योजनाओं में नियोक्ता मूल वेतन का 12 प्रतिशत योगदान करते हैं. नियोक्ताओं के 12 प्रतिशत के योगदान में से 8.33 प्रतिशत ईपीएस में जाता है और शेष 3.67 प्रतिशत कर्मचारी भविष्य निधि में जमा किया जाता है. 

जानिए हायर पेंशन वालों के लिए क्या बदलेगा
अब वे सभी ईपीएफओ सदस्य, जो उच्च पेंशन प्राप्त करने के लिए 15 हजार रुपये प्रति माह की सीमा से अधिक अपने वास्तविक मूल वेतन पर योगदान करने का विकल्प चुन रहे हैं, उन्हें ईपीएस के लिए इस अतिरिक्त 1.16 प्रतिशत का योगदान नहीं करना होगा. 

हायर पेंशन चुनने के लिए 3 मई तक की थी डेडलाइन 
श्रम और रोजगार मंत्रालय ने उपरोक्त (निर्णय) को लागू करते हुए तीन मई 2023 को दो अधिसूचनाएं जारी की हैं. मंत्रालय ने कहा है कि अधिसूचना जारी किए जाने के साथ ही उच्चतम न्यायालय के चार नवंबर, 2022 के फैसले के सभी निर्देशों का अनुपालन पूरा कर लिया गया है.

यह भी पढ़िएः VIDEO: दर्दनाक हादसे में एक साथ पूरा परिवार खत्म, 5 बच्चों समेत 11 लोगों की मौत

 

Zee Hindustan News App: देश-दुनिया, बॉलीवुड, बिज़नेस, ज्योतिष, धर्म-कर्म, खेल और गैजेट्स की दुनिया की सभी खबरें अपने मोबाइल पर पढ़ने के लिए डाउनलोड करें ज़ी हिंदुस्तान न्यूज़ ऐप. 

ट्रेंडिंग न्यूज़