सरपंच संघ और जिला परिषद कार्यकारी अधिकारी विवाद, जिला कलेक्टर के साथ बैठक
topStories1rajasthan1464595

सरपंच संघ और जिला परिषद कार्यकारी अधिकारी विवाद, जिला कलेक्टर के साथ बैठक

जिला परिषद के पूर्व सदस्य और कांग्रेस नेता शक्ति सिंह पीपरोली ने बताया कि जिला परिषद सीईओ से सरपंच के साथ ही अन्य जनप्रतिनिधि संविदा पर लगे कर्मचारी और अन्य कर्मचारी भी परेशान है. 

सरपंच संघ और जिला परिषद कार्यकारी अधिकारी विवाद, जिला कलेक्टर के साथ बैठक

Ajmer: अजमेर जिले की ग्रामीण क्षेत्रों में विकास अवरुद्ध होने के पीछे जिला परिषद के कार्यकारी अधिकारी हेमंत स्वरूप माथुर को जिम्मेदार ठहराते हुए आज सरपंच संघ के साथ ही पंचायत समिति व जिला परिषद सदस्यों ने जिला कलेक्टर के साथ बैठकर बातचीत की. इस दौरान जिला परिषद सीईओ हेमंत स्वरूप माथुर भी मौजूद रहे.

इस बैठक के दौरान लंबे समय से चल रहे टकराव और समस्याओं पर चर्चा करने के साथ ही उचित समाधान पर बातचीत की गई. जिला कलेक्टर की अध्यक्षता में आयोजित हुई इस बैठक में सरपंच प्रतिनिधियों के साथ ही जिला परिषद के सदस्यों ने अपनी विभिन्न समस्याएं रखी और बताया कि जबसे हेमंत स्वरूप माथुर जिला परिषद के कार्यकारी अधिकारी बने हैं समस्याएं विकराल रूप ले रही हैं और विकास कार्यों में अजमेर जिला पिछड़ रहा है.

इस तरह का कार्य सरकार की छवि को खराब कर रहा है और यह बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. जिला परिषद के पूर्व सदस्य और कांग्रेस नेता शक्ति सिंह पीपरोली ने बताया कि जिला परिषद सीईओ से सरपंच के साथ ही अन्य जनप्रतिनिधि संविदा पर लगे कर्मचारी और अन्य कर्मचारी भी परेशान है. लंबे समय से विकास कार्य सैंक्शन होने के बावजूद उन पर काम नहीं किया जा रहा और सरपंचों को अलग-अलग जांच के नाम पर डराया धमकाया और उन्हें परेशान किया जा रहा है.

इन सभी समस्याओं को लेकर अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है ऐसे में आज जिला कलेक्टर से मुलाकात की गई. जहां विभिन्न समस्याओं को कार्यकारी अधिकारी के सामने रखा गया और उनको कई दिशा निर्देश दिए गए. जिससे कि पंचायत समितियों में कार्य की गति को बढ़ाया जा सके. ढाई हजार काम जिले में पेंडिंग पड़े हैं और संविदा पर लगे कर्मचारियों को भी राहत नहीं दी जा रही. सरपंच भी अपने-अपने क्षेत्रों को लेकर परेशान है. इन सभी समस्याओं पर अगर जल्द कार्रवाई नहीं की जाती है तो फिर आगामी कदम उठाए जाएंगे. जिला कलेक्टर ने आश्वस्त किया कि इन सभी मांगों पर जल्द सहमति बनाते हुए कार्रवाई की जानी है.

अजमेर जिला परिषद सीईओ हेमंत स्वरूप माथुर ने बताया कि केंद्र सरकार की ओर से नरेगा के साथ ही अन्य कार्यों को लेकर विभिन्न गाइडलाइन जारी की गई है. ऐसे में उसे अतिरिक्त कार्य नहीं किया जा सकता. साथ ही पोर्टल में सभी जानकारियां साझा की जानी होती है. इसके बावजूद भी अतिरिक्त काम लिए जा रहे हैं. जिसके कारण सरपंच व अन्य सदस्यों को काफी समस्याएं उत्पन्न हो रही है. इन समस्याओं को लेकर आज जिला कलेक्टर की अध्यक्षता में बैठक आयोजित की गई. जिसमें कई दिशा निर्देश दिए गए हैं और 2 से 3 दिन के भीतर इन समस्याओं को लेखक निदान किया जाएगा और किस तरह से राहत पहुंचाई जा सके और विकास कार्य अवरुद्ध ना हो इस पर भी काम किया जाएगा.

Reporter- Ashok Singh Bhati

 

यह भी पढे़ं- शादी समारोह में गई युवती को क्यों दिया एक लाख रुपए का चेक, जानकर दंग रह जाएंगे आप

 

Trending news