बारूदी सुरंग विस्फोट में ग्रामीण के चिथड़े उड़े, 5 महीने हुए 9 की मौत
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बारूदी सुरंग विस्फोट में ग्रामीण के चिथड़े उड़े, 5 महीने हुए 9 की मौत

झारखंड के चाईबासा जिले के जंगलवर्ती इलाकों में जमीन के नीचे कदम-कदम पर नक्सलियों की बिछाई बारूद निर्दोष ग्रामीणों की मौत का सबब बन रही है. जिले के टोंटो थाना क्षेत्र के लुईया जंगल में बुधवार को बारूदी विस्फोट ने एक और व्यक्ति की जान चली गई.

 (फाइल फोटो)

चाईबासा: झारखंड के चाईबासा जिले के जंगलवर्ती इलाकों में जमीन के नीचे कदम-कदम पर नक्सलियों की बिछाई बारूद निर्दोष ग्रामीणों की मौत का सबब बन रही है. जिले के टोंटो थाना क्षेत्र के लुईया जंगल में बुधवार को बारूदी विस्फोट ने एक और व्यक्ति की जान चली गई. पिछले पांच महीने में बारूदी सुरंग विस्फोट में यह नौवीं मौत है.

ग्रामीणों ने दी जानकारी

टोंटे में हुए विस्फोट में जिस व्यक्ति की मौत हुई है, उसकी पहचान 50 वर्षीय काण्डे लागुरी के रूप में हुई है. पुलिस ने आज मौके पर पहुंचकर उसकी लाश बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए भेजी है. बताया गया कि लुईया गांव निवासी काण्डे लागुरी पास के जंगल में पत्ता तोड़ने गया था. उसी दौरान उसका पांव जमीन के नीचे प्रेशर बम पर पड़ा. जोरदार धमाका हुआ और उसके चिथड़े हो गए. ग्रामीणों ने इसकी जानकारी गुरुवार सुबह पुलिस को दी.

 

14 साल के बच्चे की भी हुई मौत

पिछले 18 मई को भी इसी थाना क्षेत्र के ग्राम रेंगड़ाहातु स्थित जंगल के पास एक प्रेशर आईईडी विस्फोट में 14 साल के बच्चे की मौत हो गई थी. यह बच्चा भी अपने अभिभावक के साथ जंगल से लकड़ी और पत्ता चुनने के लिए गया था. इस इलाके में ग्रामीणों का एक बड़ा जनसमूह आजीविका के लिए जंगल के पत्तों पर आश्रित है. 

झारखंड पुलिस नक्सलियों के खिलाफ विभिन्न थाना क्षेत्रों में एंटी नक्सल अभियान चला रही है. इसे रोकने तथा पुलिस की गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए नक्सलियों ने जंगल में बारूदी सुरंगें लगा रखी हैं. हाल में कई बड़े नक्सलियों ने भी गिरफ्तारी दी है. ऐसे में उम्मीद की जा रही है कि पुलिस जल्द से जल्द ऐसे नक्सलियों पर रोक लगा पाएगी.

(इनपुट भाषा के साथ)

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