(Lajwanti leaves Benefits)
बता दें कि लाजवंती को कुछ लोग छुई मुई कहते हैं. साथ ही इसे लज्जालु, नमस्कारकारी, समांगा, समोक्चिनी और शमीपत्र लज्जाबती के नाम से भी जाना जाता है. बता दें कि इसके शरीर के लिए बेमिसाल फायदे हैं.
शोध से पता चला है कि लाजवंती की पत्तियों और जड़ों में सूजन-रोधी गुण होते हैं, जो बवासीर और फिस्टुला से जुड़ी सूजन को प्रभावी ढंग से कम करते हैं. इसकी पत्ती का रस का सेवन से बवासीर को ठीक करने में विशेष रूप से लाभकारी होता है.
बता दें कि बवासीर का इलाज करने के अलावा भी हमारे शरीर के लिए लाजवंती यानी छुई-मुई की पत्तियों के अन्य फायदे हैं. जो हम आगे बताएं हैं.
लाजवंती का पौधा सांप और बिच्छू के काटने पर इलाज करता है. पबमेड सेंट्रल के अनुसार, लाजवंती में एंटीवेनम गुण होते हैं, जो शरीर में विभिन्न जहरों के प्रभाव को बेअसर करते हैं.
लाजवंती की पत्ती मूत्र संबंधी समस्याओं के लिए एक प्राकृतिक उपचार के रूप में कार्य करता है.
लाजवंती एंटी-बैक्टीरियल गुणों से भरपूर है, इसलिए ये पत्ती पेट से संबंधित विभिन्न समस्याओं से राहत प्रदान करती है.
बता दें कि लाजवंती की पत्ती में एंटी डिप्रेशन गुण पाए जाते हैं. बता दें कि यह मस्तिष्क पर पॉजीटिव इम्पैक्ट डालता है और डिप्रेशन को कम करता है.
बता दें कि लाजवंती के पत्तों के रस का सेवन करने से रक्तस्रावी बवासीर या बवासीर को कम करने या उसका इलाज करने में मदद मिलेगी.